न्यूज़ ग्राउंड एक्सक्लूसिव/गोरखपुर

गोरखपुर सदर और भाजपा विधायक डॉ राधा मोहन दास अग्रवाल एवं आई पी एस चारू निगम विवाद में दिन प्रतिदिन एक नया मोड़ सामने आता जा रहा हैI आज 10 मई को फिर डॉ राधा मोहन दास अग्रवाल गोरखपुर, गोलघर स्थित गाँधी प्रतिमा के निचे धरने पर बैठ गये और गोरखपुर प्रशासन एवं आबकारी विभाग के सयुंक्त संरक्षण में गोरखपुर में अवैध शराब को फलने फूलने का आरोप लगायाI यद्यपि विधायक जी ने इस धरने को नागरिको द्वारा इस मुद्दे पर ज्ञापन लेने सम्बन्धी धरना बताया I

धरना प्रारम्भ होने से पहले विधायक जी के समर्थको ने मीडिया को भी चारू निगम प्रकरण में पक्षपात करने का आरोप लगाया मीडिया के खिलाफ जम कर अपशब्दों का प्रयोग किया  और विधायक जी के समर्थन में एवं पुलिस के विरोध में नारे बाजी भी की Iइस धरने में भाजपा के कुछ कार्यकर्ता ही दिखे अपितु भाजपा एवं हिन्दू युवा वाहिनी से जुड़े बड़े नामो को इस धरने से दुरी बनाये महसूस किया गया I

समर्थको ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश को याद दिलाते हुवे बोला की हाई वे से 500 मीटर के अंदर शराब की दुकान न खोली जाय। इसके बावजूद हाइवे से 500 मीटर के अंदर घनी आबादी और स्कूल, धार्मिक स्थल के पास शराब की दुकानें खुल रही हैं। नागरिको की शिकायतों और विरोध को प्रशासन व पुलिस के अधिकारी  नजरअंदाज कर रहे हैं। मुख्यमंत्री के गृह जिले और शहर में अफसरों का रवैया हैरानी भरा है।

कई नेताओं ने एएसपी चारु निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया और कहा कि उन्होंने पुलिस से बूढी महिलाओं, बच्चों पर लाठी चलवायी। एक गर्भवती महिला को पीटा। तब उन्हें महिलाओं के अधिकार के हनन की चिंता नहीं हुई लेकिन विधायक ने महिलाओं पर अत्याचार के लिए डांटा और उन्हें बिच में बोलने से मना किया तो उन्होंने उसे मुद्दा बना दिया। वक्ताओं ने कहा कि वह अफसरों के लिए बनी आचार संहिता का उल्लंघन कर लगातार फेसबुक पर इस प्रकरण पर लिख रही हैं। इस पर उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।