समुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भटहट में टोर्च की रोशनी में नवजात शिशु देख भाल कक्ष में नवजात का इलाज करने को चिकित्सक है मजबूर……

 

मैनुद्दीन अली /भटहट से

भटहट सीएचसी स्वास्थ्य केन्द्र पर नवजात शिशु देख भाल कक्ष रोशनी वीहीन है। वहां पर नवजात शिशुओं को मोबाईल टार्च की रोशनी में चिकित्सक इलाज करते है। स्वास्थ्य केन्द्र पर विभाग द्धारा जनरेटर और इन्वर्टर की व्यस्था मुहैया कराने के बावजूद भी नवजात शिशु देखभाल कक्ष में अंधेरा व्याप्त है। मंगलवार को करीब चार बजे एक नवजात शिशु का हालत गम्भीर होने पर स्वास्थ्य कर्मी अंधेरे में ही करीब दो घंटे तक आक्सीजन तथा दवा इलाज करते रहे। जिससे मरीज और उनके तिमारों में स्वास्थ्य विभाग के प्रति नाराजगी व्याप्त है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पड़ोसी जनपद के श्यामदेउरवा थाना क्षेत्र के बेलराईं निवासी इरशाद की पत्नी अनवरी को प्रसव पीडा होने पर परीजन एम्बुलेंस की सेवा 102 से लेकर दोपहर करीब दो बजे भटहट स्वास्थ्य केन्द्र पहूंचे। करीब चार बजे प्रसूता ने नार्मल एक बच्चे को जन्म दिया। जन्म के बाद नवजात शिशु की हालत गंभीर हो गई। स्वास्थ्य कर्मी उसको नवजात शिशु देखभाल कक्ष में ले गये। वहां पर पूरी तरह से अंधेरा व्याप्त रहा। स्वास्थ्य कर्मीयों ने मोबाईल टार्च की रोशनी में इलाज शुरु कर दिया। उधर चिकित्सक आशुतोष चौहान ने शिशु की हालत गंभीर बताते हुऐ मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। परिजनों ने एम्बुलेंस की सेवा लेने के लिए 108 पर फोन कर एम्बुलेंस की मांग की। लेकिन उस समय एम्बुलेंस  महराजगंज के परतावल में थी। इधर स्वास्थ्य कर्मी आक्सीजन देते रहे। खास बात तो यह है कि इसी रोशनी में शिशु को जरुरी इंजेक्शन और टीका भी लगाया गया। लगभग छह बजे। एम्बुलेंस पहुची।उसके बाद नवजात शिशु को सदर भेजा गया।
बताते चले गोरखपुर महराजगंज मेन रोड से बीस कदम की दूरी पर स्वास्थ्य केन्द्र स्थित है। आशाएं तथा मरीज और तीमारदार बताते है कि रास्ते और स्वास्थ्य केन्द्र के बाहरी हिस्से में रोशनी का कोई इन्तजाम नही है। देर सबेर प्रसूता व अन्य मरीजों तथा उनके तीमारदारों को अंधेरे में आना जाना पडता है। जिससे वहां आने जाने वाले मरीजों में स्वास्थ्य विभाग बदइन्तजामी से आक्रोश है।

इस संबंध में सीएचसी अधीक्षक डा अनिल कुमार सिंह का कहना है कि लाईट लगवाने की प्रकिया चल रही है परिसर में इसी माह लाईट लग जायेगी। कल ही इलेक्ट्रीशियन को बुलाया गया था। हो सकता है की उस कमरे लगा एलईडी खराब हो गया हो। कल ही ठीक करा दिया जायेगा।

दिनांक –19/03/2019

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